मोटर साईकिल ‘जाँबाज ‘ दस्ते के हैरतअंगेज करतबों से रोमंचीत हुए राँची शहरवासी

आजादी का अमृत महोत्सव सीमा सुरक्षा बल, मोटर साईकिल ‘जाँबाज ‘ दस्ते के हैरतअंगेज करतबों से रोमंचीत हुए राँची शहरवासी

भारत सरकार द्वारा भारत वर्ष की 75 वीं आजादी को विशेष उत्सव के रूप के देश के महानायकों जिनका आजादी की लड़ाई में अहम योगदान रहा है एवं जिन्हाने देश की सुरक्षा में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया है, उनकी शहादत को याद करने और उन्हें नमन करके के लिए ही आज़ादी का अमृत महोत्सव आयोजित किया जा रहा है. इसी के अन्तर्गत सीमा सुरक्षा बल मुख्यालय, नई दिल्ली द्वारा वर्ष 2021-22 के लिए निर्धारित श्रृंखलाबद्ध कार्यक्रमानुसार बल के शहीदों की शहादत को नमन एवं सम्मान प्रस्तुत करने के लिए सीमा सुरक्षा बल अकादमी टेकनपुर की विश्वविख्यात जॉबाज मोटर साईकिल सवार टीम के द्वारा देश के विभिन्न शहरों में अपने हैरतअंगेज करतबों के प्रदर्शन के उपरान्त आज रांची शहर में अपने कौशल को प्रदर्शित किया गया। जिसकी शुरूआत 15 अगस्त 2021 को स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर जयपुर राजस्थान से आजादी के अमृत महोत्सव कार्यक्रम के अन्तर्गत हुई। इसी कड़ी में नई पुलिस लाईन, प्ले ग्राउंड, कांके रोड, रांची, झारखण्ड में सीमा सुरक्षा बल के मोटर साईकिल सवार जाँबाज दस्ते ने हैरतअंगेज करतब दिखाए।

श्री पी०एस०बस, महानिरीक्षक, सीमा सुरक्षा बल के अनुरोध पर बतौर मुख्य अतिथि माननीय महामहिम राज्यपाल श्री रमेश बैस इस कार्यक्रम में शामिल हुए. साथ ही झारखण्ड सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों, गणमान्य व्यक्तियों के साथ भारी संख्या में रांची शहर के आम नागरिक भी उपस्थित रहे। इन सभी के सहयोग के लिए श्री पी०एस०बस, महानिरीक्षक के साथ बड़ी संख्या में सीमा सुरक्षा बल, मेरू के अधिकारी अधिनस्थ अधिकारी एवं कार्मिक भी कार्यक्रम स्थल पर रहे।

कार्यक्रम का प्रारम्भ निरीक्षक अवधेश कुमार सिंह, टीम कप्तान द्वारा पोल राईडिंग (सलामी) जिसे जाँबाज सैल्युट भी कहा जाता है, ने चलती मोटर साईकिल पर 16 फिट 5 इंच के पोल से खड़े होकर सभी आगन्तुकों का अभिवादन से किया जिसे देख सभी दर्शकगण अचम्भित हो गये। फिर समस्त जाँबाजों ने तिरंगा हाथ में लेकर एक साथ मोटर साईकिलों पर सवार होकर हिमालय पर्वत की आकृति बनाकर फ्लैग मार्च की प्रस्तुति दी। सभी दर्शकगणों ने खड़े होकर राष्ट्रीय ध्वज के लिए सम्मान प्रकट किया। तत्पश्चात सीमा सुरक्षा बल के जॉबाजों द्वारा इनफील्ड बुलेट मोटरसाइकिल पर सवार होकर निरन्तर हैरत अंगेज करनामों का सिलसिला चालू हुआ। दर्शक आश्चर्यचकित टकटकी लगाए इन बहादुर जाँबाजों के करनामों को देखते रहे और इनकी बहादुरी की तारीफ खड़े होकर ताली बजा कर करते रहे। तालियों की गडगडाहट से पूरा कार्यक्रम स्थल अन्त तक गूंजता रहा। जाँबाज टीम के द्वारा लगातार मोटरसाइकिल पर सवार होकर पोल राईडिंग, फ्लैग मार्च, एसे पोजीशन, लैग गार्ड, लैदर विंद जम्प, बैक राईडिंग पोल लेयिंग ऑन सीट राईडिंग, महाशक्तिमान, नैक राइडिंग, शीर्ष आसन, चैस्ट जम्प, लैडर ट्रीपल, फिस राईडिंग, 5 मैन बैलेस, पोल इक्सरसाईज, सीटिंग ऑन पोल, रोप राईडिंग, सेल्फी पोजीशन, राफेल, म्यूजिकल राइड, चेस्ट जंप इत्यादि हैरतअंगेज करतबों से समा बांध दिया।

इस दौरान टीम लीडर इंस्पेक्टर अवधेश सिंह द्वारा मोटरसाइकल को टयूबलाईट की एक लेयर को दिवार को तोड़ते हुए आग के गोले से निकालकर ट्यूबलाईट एवं फायर जप का करनामा दिखाया। 12 फिट के पोल पर सवार होकर उल्टी दिशा में बैठकर बैंक राईडिंग करके सभी को अपने नायाब करनामों से आश्चर्यचकित कर दिया। म्यूजिकल राउंड में 16 जवानों ने मैदान पर बाइक स्टंट एवं एक बाइक पर पांच जवानों के स्टंट ने भी सभी को प्रभावित किया।

कार्यक्रम के दौरान सीमा सुरक्षा बल मेरू की ब्रास बड़ एवं जॉज बढ़ की विशेष रंगारंग सांस्कृतिक एवं देशभक्त गीतों और धुनों की प्रस्तुति ने विशेष समा बाँध दिया और सभी को थिरकने पर मजबूर कर दिया। रांची में अपनी प्रस्तुति से पूर्व जाबाज दल ने दिनांक 27 मार्च 2022 को हजारीबाग शहर में भी अपनी रोमंचक प्रस्तुति दी थी। रांची शहर में अपनी प्रस्तुति के बाद सीमा सुरक्षा बल के जौवाज दस्ते का अगला पड़ाव लखनऊ शहर होगा, जहाँ यह दल अपने हैरतअंगेज कारनामे प्रस्तुत करेगी।

विदित रहे कि, सीमा सुरक्षा बल की मोटर साईकिल टीम जॉबाज अपनी स्थापना वर्ष सन 1900 से ही दर्शकों के कौतूहल का विशेष केन्द्र बनी हुई है। इस टीम के बेहद संतुलित और उत्कृष्ट प्रदर्शन से यह सिद्ध होता है कि सीमाओं के सजग प्रहरी ना सिर्फ सीमाओं की रक्षा में ही पूरे मनोयोग और मुस्तैदी से तत्पर है, अपितु संतुलन और लचीलेपन के नायाब प्रदर्शन में भी माहिर है। इन विशेषताओं के कारण प्रत्येक वर्ष यह टीम गणतंत्र दिवस पर हमेशा राजपथ अपनी देर सारी प्रस्तुतियां देती है। जिसमें इसके जान हथेली पर लिये फिरने वाले एवं अपने हैरत अंग्रेज करनामों से दर्शकों को दांतो तले उंगलिया दबा देने को मजबूर कर देती है। वर्ष 2015 के गणतंत्र दिवस परेड में इस टीम के प्रदर्शन व कौशल को देखकर तत्कालीन प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी व मुख्य अतिथि अमेरिकी राष्ट्रपति श्री बराक ओबामा जी ने काफी प्रशंसा की थी। अपनी प्रतिभा के दम पर दर्शकों के दिलों में रच-बस जाने वाले इन जाँबाजों को टेकनपुर ग्वालियर स्थित सीमा सुरक्षा बल अकादमी के केन्द्रीय यान्त्रिक परिवहन विद्यालय सी०एस०एम०टी में प्रशिक्षण दिया जाता है। अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन के दम पर सन् 2018 में इन जाँबाजों ने अपना नाम लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्डस में दर्ज करवाया था। आजादी के अमृत महोत्सव के वर्ष भर के कार्यक्रमों की श्रृंखला युं ही जारी रहेगी।

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