एक अनोखी नवरात्रि

त्योहारों का मौसम हो और स्कूल बंद हो। ना पढ़ाई की चिंता, ना होमवर्क की चिंता, इस समय 99% बच्चे, मोबाइल की चपेट में नजर आते हैं । कोई रिल बनाते हुए, तो कोई इंस्टा में ।

आज के इस वर्तमान स्थिति में एक जगह ऐसा भी है जहां अधिकांश बच्चे, बूढ़े, महिलाएं एवं पुरुष सभी मोबाइल मे नही अपितु भगवान की भक्ति में तल्लीन नजर आते हैं । एक ऐसा स्थल है जहां, सावन में महादेव की पूजा से लेकर भगवान कृष्ण की जन्माष्टमी, गणेश चतुर्दशी, माता के आगमन के नौ रूपों के साथ माता लक्ष्मी की आराधना एवं सूर्य भगवान की पूजा तक की जाती है । यह एक सनातनी धर्म को जीवंत करने की एक पहल नहीं अपितु आज की पीढ़ी मे वेद एवं पुराण के ज्ञान अर्जन करते हुए अपने जीवन में अनुशासन , तपस्या, त्याग, करुणा जैसे आचरण का अनुष्ठान करने के लिए किया जा रहा है ।

पिछले 5 वर्षों से इस प्रकार की गतिविधियां रांची के दिनकर नगर के आसेवशर महादेव मंदिर मे आश्री गार्डन समिति के द्वारा किया जाता है ।
उक्त समिति द्वारा पूरे वर्ष इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं सभी के आयोजन में मुख्य भूमिका मंदिर की समिति के अध्यक्ष श्री रंजन कुमार रंजन, सचिव श्री पवन कुमार, संयोजक श्री राजेश सिंह, कोषाध्यक्ष श्री अमित कुमार,पूजा एवं पंडाल मंत्री विकास गुप्ता, समस्त आसरी परिवार एवं माननीय समाजसेवी श्री मंजुल करकट्टा के द्वारा अहम भूमिका के साथ सौहार्द पूर्ण तरीके से किया जाता रहा है ।

इस नवरात्र के पावन अवसर पर भी इसी प्रकार की एकता अखंडता का प्रतीक देखा जा सकता है जिसमें समिति के हर धर्म के निवासी चाहे वह इसाई हो, सिख हो या हिंदू हो इस पूजन में अहम भूमिका निभाते हैं। इस नवरात्रि के दौरान विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम बच्चों के द्वारा पेश किए जाते हैं जो उन्हें पाश्चात्य संस्कृति से दूर होकर भारतीय संस्कृति की ओर रुचि उत्पन्न करने हेतु प्रेरित करता है। आसपास के इलाकों में रहने वाले सभी धर्म एवं जाति के गरीब अमीर के लिए भंडारा पांच दिनों तक चलाया जाता है एवं पूजा अर्चना के साथ विभिन्न प्रतियोगिता आयोजित की जाती है।

इस वर्ष भी 16 अक्टूबर से लेकर 25 अक्टूबर तक नवरात्रि के इस पावन अवसर पर विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों एवं पूजा अर्चना तथा भंडारा का आयोजन रांची के दिनकर नगर के आसेवशर महादेव मंदिर मे आश्री गार्डन समिति के द्वारा किया जा रहा है।

सांस्कृतिक कार्यक्रम में बच्चों के द्वारा माॅ दूर्गा के नौ रूपों के नाम, उनकी छोटी विस्तृत जानकारियां, उनके रूप, उनके पोषाक एवं उनसे संबंधित आरती का बहुत ही सुंदर रूपांतरण कार्यक्रम पेश किया जाएगा। कुछ बच्चों के द्वारा आरती गान प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है । पूजा के दौरान इस्कॉन के द्वारा राधे-राधे कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है।
9 दिनों की नवरात्र 20 अक्टूबर 2023 से 24 अक्टूबर 2023 तक तीनों पहर का महा-भंडारा का आयोजन समिति के द्वारा किया जा रहा है।

सूरज की लालिमा में मां दुर्गा के प्रिय यंत्र डाक की आवाज पूरे वातावरण को पवन एक पवित्र बनाती है जो सभी में उत्साह और उमंग भर देती है । मां दुर्गा के अगले वर्ष पुनः आगमन के विश्वास में ओत परोत आसरी गार्डन की महिलाओं द्वारा सिंदूर खेल करते हुए दूर्गा मां की विदाई की जाती है।

यह केवल 9 दोनों का पूजन नहीं बल्कि एक डोर में समाज के हर वर्ग के लोगों को पिरोने की पहल है जो पिछले 5 वर्षों से आसरी गार्डन समिति के द्वारा निःस्वार्थ भावना से किया जा रहा है ।

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